HRA, ट्रांसपोर्ट अलाउंस और चाइल्ड एजुकेशन भत्ते में बढ़ोतरी की मांग तेज

नई दिल्ली
आठवें वेतन आयोग ने अपनी सिफारिशें सरकार को सौंपने के लिए कदम बढ़ा दिए हैं। इसके तहत वेतन आयोग लगातार बैठकों का दौर कर रहा है। बीते 24 अप्रैल को देहरादून में बैठक हुई तो अब दिल्ली में भी बैठकों का दौर शुरू होने वाला है। इसी कड़ी में अलग-अलग संगठनों की ओर से वेतन आयोग को डिमांड लिस्ट दी जा रही है। प्रगतिशील शिक्षक न्याय मंच (PSNM) की भी वेतन आयोग से कुछ डिमांड है। बता दें कि यह केंद्र सरकार के शिक्षकों का प्रतिनिधित्व करने वाला संगठन है।
क्या है डिमांड?
वेतन आयोग से लेवल 1 (ग्रुप D) के कर्मचारी के लिए न्यूनतम मूल वेतन 50,000 रुपये और 3.83 तक के फिटमेंट फैक्टर की मांग की गई है। इसके अलावा, PSNM चाहता है कि वेतन आयोग बच्चों के शिक्षा भत्ते यानी चाइल्ड एजुकेशन अलाउंस को कम से कम 2,812.59 रुपये प्रति माह से बढ़ाकर 7,000 रुपये प्रति माह कर दे। बता दें कि केंद्र सरकार के शिक्षकों को बच्चे की 12वीं कक्षा तक की शिक्षा के लिए चाइल्ड एजुकेशन अलाउंस मिलता है लेकिन संगठन इसे ग्रेजुएशन तक के लिए मांग कर रहा है।
इसके अलावा, हर महीने 2,000 रुपये के डिजिटल सपोर्ट अलाउंस (ब्रॉडबैंड और AI सपोर्ट) की भी मांग की गई है। यह पहली बार है जब वेतन आयोग के सामने इस तरह के अलाउंस की मांग हुई है। 7वां वेतन आयोग ऐसा कोई अलाउंस नहीं देता है।
एचआरए में बदलाव
कर्मचारी संगठन ने प्रस्ताव दिया है कि अलग-अलग शहरों के लिए हाउस रेंट अलाउंस यानी HRA को मौजूदा दरों 10%, 20% और 30% से बढ़ाया है। नई दर 12%, 24% और 36% किए जाने की मांग है। कर्मचारी संगठन ने यह भी प्रस्ताव दिया है कि ट्रांसपोर्ट अलाउंस को बढ़ाकर बेसिक पे का 12 से 15% किया जाए।
इसे कम से कम 9,000 रुपये + महंगाई भत्ता यानी डीए प्रतिशत के हिसाब से बढ़ोतरी का प्रस्ताव है। बता दें कि कर्मचारियों के अलग-अलग लेवल के लिए ट्रांसपोर्ट अलाउंस की दरें 1,800 रुपये, 3,600 रुपये और 7,200 रुपये हैं।
लीव में भी बदलाव की मांग
प्रगतिशील शिक्षक न्याय मंच हर साल 14 दिनों की कैजुअल लीव (CL) की मांग कर रहा है। वहीं 30 दिनों की अर्नड लीव (EL) और 20 दिनों की मेडिकल लीव की डिमांड है। अगर केंद्रीय कर्मचारी रिटायर होते हैं तो 400 दिनों तक की EL एनकैशमेंट होनी चाहिए। बता दें कि यह अभी 300 दिन है। कर्मचारियों का संगठन चाहता है कि 8वां वेतन आयोग नॉन-प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस को 6,908 रुपये से बढ़ाकर 27,640 रुपये कर दे। यह 5-दिन का वर्क वीक (45 घंटे) चाहता है।











