Career Tips- 12वीं के बाद इन साइंस कोर्सेस में न लें एडमिशन, नई टेक्नोलॉजी के कारण हुई इनकी डिमांड कम

Career Tips-

Career Tips- हर साल हजारों विद्यार्थी साइंस स्ट्रीम में 12वीं की पढ़ाई करते हैं, लेकिन अब इसमें करियर बनाने के कुछ पारंपरिक विकल्प उतने फायदेमंद नहीं रहे। तकनीकी विकास, ऑटोमेशन और इंडस्ट्री में आ रहे बदलावों के कारण साइंस के कई कोर्सेज का महत्व घट गया है। इस लेख में हम उन कोर्सेस पर चर्चा करेंगे जिनमें एडमिशन लेने से पहले सावधानी बरतनी चाहिए ताकि भविष्य में नौकरियों की कमी से जूझना न पड़े।

12वीं के बाद इन साइंस कोर्सेस की डिमांड क्यों घटी?

Career Tips- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), मशीन लर्निंग (ML), और ऑटोमेशन जैसी नई तकनीकों ने विज्ञान के क्षेत्र में बड़े बदलाव किए हैं। इसके चलते कुछ कोर्स, जो पहले करियर के लिहाज से फायदेमंद माने जाते थे, अब वे पहले जितने लाभकारी नहीं रहे। टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में तेजी से आ रहे अपडेट के कारण कई विषय अब अन्य कोर्सेस में शामिल हो चुके हैं, जिससे उनकी अलग से पढ़ाई की आवश्यकता कम हो गई है।

इन साइंस कोर्सेस में न लें एडमिशन

1. बॉटनी (Botany)

Career Tips- प्लांट साइंस, जिसे पहले एक अलग विषय के रूप में पढ़ाया जाता था, अब बायोटेक्नोलॉजी, जेनेटिक्स और एनवायरमेंटल साइंस के कोर्सेस में शामिल कर दिया गया है। ऐसे में बॉटनी की अलग डिग्री लेने का स्कोप काफी घट गया है।

2. जूलॉजी (Zoology)

जूलॉजी या जंतु विज्ञान के क्षेत्र में पहले जहां काफ़ी रोजगार के अवसर मिलते थे, अब वाइल्डलाइफ कंजर्वेशन और इकोलॉजी में इसी से संबंधित विषय पढ़ाए जाते हैं। इसलिए, जूलॉजी की अलग डिग्री के साथ सीमित अवसर ही मिल रहे हैं।

3. माइक्रोबायोलॉजी (Microbiology)

कभी ट्रेंडिंग रहे इस कोर्स को अब बायोटेक्नोलॉजी, जेनेटिक्स, और इम्यूनोलॉजी में ही पढ़ाया जाता है। सूक्ष्मजीव विज्ञान में स्पेशलाइजेशन करने के बजाय अब अधिकतर स्टूडेंट्स बायोटेक्नोलॉजी जैसे व्यापक क्षेत्रों को चुन रहे हैं।

4. फिजियोलॉजी (Physiology)

फिजियोलॉजी, जो शरीर की कार्यप्रणाली का अध्ययन है, अब इसे बायोलॉजी, बायोफिजिक्स और न्यूरोसाइंस के कोर्स में शामिल कर दिया गया है। ऐसे में अलग से फिजियोलॉजी की पढ़ाई करने के अवसर सीमित हो गए हैं।

5. जियोलॉजी (Geology)

जियोलॉजी या भूविज्ञान की पढ़ाई अब एनवायरमेंटल साइंस, जियोफिजिक्स और पेट्रोलियम इंजीनियरिंग में शामिल हो गई है। यदि इस क्षेत्र में रुचि है, तो बेहतर है कि इन संबंधित क्षेत्रों में दाखिला लें ताकि नौकरी के अवसर बढ़ सकें।

6. मीटियोरोलॉजी (Meteorology)

मीटियोरोलॉजी, यानी मौसम विज्ञान, पहले एक विशेष कोर्स हुआ करता था, लेकिन अब इसे एटमॉस्फियरिक साइंस, क्लाइमेट चेंज और वेदर फोरकास्टिंग में शामिल कर दिया गया है। ऐसे में इन विषयों में स्पेशलाइजेशन करना अधिक फायदेमंद हो सकता है।

7. स्पेस साइंस (Space Science)

स्पेस साइंस अब एस्ट्रोफिजिक्स, प्लैनेटरी साइंस और एस्ट्रोनॉटिक्स में पढ़ाई जाती है। यदि आपको अंतरिक्ष विज्ञान में करियर बनाना है, तो इन क्षेत्रों में एडमिशन लें।

8. बायोकेमिस्ट्री (Biochemistry)

बायोकेमिस्ट्री को अब मॉलिक्यूलर बायोलॉजी, जेनेटिक्स, और फार्माकोलॉजी में ही पढ़ाया जाता है। जैव रसायन विज्ञान की अलग डिग्री की बजाय स्टूडेंट्स अब मॉलिक्यूलर बायोलॉजी जैसे विशेष क्षेत्रों को प्राथमिकता दे रहे हैं।

इन कोर्सेस की डिमांड कम क्यों हुई?

  1. तकनीकी विकास और ऑटोमेशन: आज के युग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, और ऑटोमेशन ने विज्ञान के पारंपरिक करियर को प्रभावित किया है। कई कार्य जो पहले मैन्युअल रूप से किए जाते थे, अब मशीनों द्वारा किए जा रहे हैं।
  2. इंडस्ट्री में बदलाव: उद्योगों में नए-नए अपडेट और तकनीकी विकास के कारण पुराने कोर्सेस की डिमांड घट गई है। अब इंडस्ट्री अधिक स्पेशलाइजेशन और टेक्नोलॉजी आधारित कोर्सेस पर निर्भर है।
  3. आर्थिक और सामाजिक परिवर्तन: समय के साथ लोगों की प्राथमिकताएं और आर्थिक स्थिति बदलने से कोर्सेस की मांग में भी बदलाव आया है।
  4. शिक्षा प्रणाली में बदलाव: पहले जो कोर्स अलग-अलग पढ़ाए जाते थे, अब उन्हें नए विषयों में मर्ज कर दिया गया है। यह भी इन विषयों की डिमांड में कमी का एक बड़ा कारण है।

निष्कर्ष

अगर आप 12वीं के बाद साइंस स्ट्रीम से करियर बनाने का सोच रहे हैं, तो इन पारंपरिक कोर्सेस के बजाय ऐसे कोर्सेस चुनें, जिनमें भविष्य में नौकरी और करियर की संभावनाएं बेहतर हों। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा साइंस, मशीन लर्निंग, और बायोटेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में अपार संभावनाएं हैं। सही करियर विकल्प चुनकर आप अपने भविष्य को सुरक्षित बना सकते हैं।

 

? सोशल मीडिया

फेसबुक पेज में जुड़ने के लिए क्लिक करें

https://www.facebook.com/onlinebulletindotin

व्हाट्सएप ग्रुप में जुड़ने के लिए क्लिक करें

https://chat.whatsapp.com/Cj1zs5ocireHsUffFGTSld

 

ONLINE bulletin dot ।n में प्रतिदिन सरकारी नौकरी, सरकारी योजनाएं, परीक्षा पाठ्यक्रम, समय सारिणी, परीक्षा परिणाम, सम-सामयिक विषयों और कई अन्य के लिए onlinebulletin.in का अनुसरण करते रहें.

 

? अगर आपका कोई भाई, दोस्त या रिलेटिव ऑनलाइन बुलेटिन डॉट इन में प्रकाशित किए जाने वाले सरकारी भर्तियों के लिए एलिजिबल है तो उन तक onlinebulletin.in को जरूर पहुंचाएं।


Back to top button