.

कोरोना के नए सब वैरिएंट XE से दहशत में दुनिया, जानिए भारत में इसका कितना होगा असर | ऑनलाइन बुलेटिन

नई दिल्ली | (नेशनल बुलेटिन) | यूके में मिले कोरोना वायरस के नए सब वैरिएंट XE से एक बार फिर दुनियाभर में दहशत फैल गई है। दुनियाभर के स्वास्थ्य एक्सपर्ट्स की मानें तो यह वैरिएंट ओमिक्रॉन से भी ज्यादा संक्रामक है, इतना ही नहीं कोरोना के अब तक के सभी वैरिएंट में यह सबसे पावरफुल है। कोरोना का यह नया सब वैरिएंट XE ओमिक्रॉन का अगला वर्जन माना जा रहा है। ऐसे में अब सवाल ये उठता है कि भारत में इस नए सब वैरिएंट का कितना असर होगा। इस नए वैरिएंट पर एक्सपर्ट्स ने अपनी राय रखी है, जानिए..

 

टाटा इंस्टीट्यूट फॉर जेनेटिक्स एंड सोसाइटी (टीआईजीएस) के निदेशक राकेश मिश्रा ने एक निजी समाचार एजेंसी से बात करते हुए कहा, “कोरोना का नया सब वैरिएंट XE पहली बार जनवरी के मध्य में सामने आया लेकिन मेरा मानना ​​​​है कि इसके लिए हमे पैनिक होने की जरूरत नहीं है। अभी तक दुनिया भर में इसके केवल 600 मामले सामने आए हैं, लेकिन हमें इस पर कड़ी नजर रखने की जरूरत है।”

 

WHO (विश्व स्वास्थ्य संगठन) की नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार, अब तक रिपोर्ट किए गए कोरोना वायरस के किसी भी प्रकार की तुलना में XE सब वैरिएंट बाकी सभी से ज्यादा संक्रामक है। ऐसे में WHO ने दुनिया को सतर्क रहने की चेतावनी दी है।

 

डॉ राकेश आगे कहते हैं कि ऐसा कोई संकेत नहीं है कि यह कोरोना की लहर पैदा कर सकता है। उन्होंने कहा, “इस समय कोई संकेत मौजूद नहीं है कि यह नया संस्करण इतना मजबूत है कि यह लहर पैदा कर सकता है। हमें इस पर टिप्पणी करने के लिए कुछ और समय इंतजार करना होगा कि इसके संक्रामक होने का परिणाम क्या निकलेगा?

सन्नाटे से दोस्ती | ऑनलाइन बुलेटिन
READ

 

डॉ राकेश ने इस बात पर भी जोर दिया कि वायरस के प्रसार को रोकने के लिए सभी सुरक्षा उपाय करना महत्वपूर्ण है। “यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि समाज का एक निश्चित वर्ग यह घोषणा करने के लिए उत्सुक है कि महामारी खत्म हो गई है। लोगों को मास्क का उपयोग करके, नियमों के अनुसार टीके लगाने और जहां कहीं भी अनुमति हो, वहां बूस्टर लगाने और भीड़-भाड़ वाले स्थानों में अनावश्यक क्लस्टरिंग से बचना चाहिए।

 

गौरतलब है कि भारत में कोरोना के 1,260 नए मामले सामने आए। इसके साथ ही देश में कोरोना संक्रमितों की कुल संख्या COVID-19 मामले दर्ज किए, जिससे कोरोनावायरस संक्रमणों की कुल संख्या 4,30,27,035 हो गई। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, भारत ने पिछले 24 घंटों में कोरोना से 83 मरीजों की मौत हुई।

 

दूसरी ओर टीकाकरण की बात करें तो भारत में कोरोना टीकाकरण अब तक 184.52 करोड़ (1,84,52,44,856) से अधिक हो गया। वहीं, 12-14 वर्ष आयु वर्ग वालों में अब तक 1.81 करोड़ (1,81,21,823) से अधिक को वैक्सीन की पहली खुराक दी जा चुकी है।

Related Articles

Back to top button