वैक्सीन की दोनों डोज लेने के बाद भी स्वास्थ्य कर्मी को हुआ कोरोना संक्रमण, चली गई जान | newsforum
उज्जैन | भारत में कोरोना की दूसरी लहर कहर बरपा रही है। सरकार ने कोरोना वायरस के संक्रमण को बेअसर करने के लिए टीकाकरण की कार्रवाई तेज कर दी है लेकिन मध्यपद्रेश के उज्जैन से एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। यहां के एक स्वास्थ्य कर्मी की कोरोना से मौत हो गई, जिसने कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज लगवा रखी थी।
उज्जैन में हुई स्वास्थ्यकर्मी की मौत के बाद पूरे महकमें में हड़कंप मच गया है। इस मौत से सबकी चिंताएं बढ़ गई है कि कोरोना की वैक्सीन लेने के बावजूद भी खतरा कम नहीं हुआ है। हालांकि, सरकार बार-बार चेतावनी दे रही है कि वैक्सीन की डोज लेने के बाद भी सर्तकता जरूरी है, क्योंकि दूसरी डोज लगने के 14 दिन बाद शरीर में एंडीबॉडी पैदा होती है।
मृतक रामाराव जिले के मलेरिया विभाग में बतौर फील्ड स्वास्थ्यकर्मी के पद पर तैनात थे और उन्होंने कोरोना के टीके के दोनों डोज लगवा रखे थे। इसके बाद भी वह कोरोना संक्रमित हो गए और उनकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि रामाराव ने पहली डोज 9 फरवरी को ली थी और दूसरी डोज 8 मार्च को लगवाई थी। इसके दस दिन बाद ही उन्हें बुखार आया और सांस लेने में तकलीफ हुई तो उनका कोरोना टेस्ट पॉजिटिव आया। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालत बिगड़ने के बाद उन्हें दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कर वेंटीलेटर सपोर्ट दिया गया, लेकिन आखिर में वह कोरोना से जंग में हार गए और इस दुनिया को अलविदा कह गए।










